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मोदी विजय पर एक ग़ैर सियासी टिप्पणी “सम्मोहक चाय वाला...!”

 गुजरात के बड़नगर रेल्वे-स्टेशन पर  एक चाय बेचने वाले का बेटा  . जो खुद चाय बेचता ..   शीर्ष पर जा बैठा भारतीय सांस्कृतिक आध्यात्मिक और धार्मिक आख्यानों में चरवाहे कृष्ण वनचारी राम.. को शीर्ष तक देखने वालों के लिये कोई आश्चर्य कदाचित नहीं . विश्व चकित है.. विरोधी भ्रमित हैं .. क्या हुआ कि कोई अकिंचन शीर्ष पर जा बैठा .. ! भ्रम था उनको जो मानते हैं.. सत्ता धनबल, बाहुबल और छल से पाई जाती है... ! क्या हुआ कि अचानक दृश्य बदल गए .. लोगों को क्या हुआ सम्मोहित क्यों हैं.. इस व्यक्ति का सम्मोहक-व्यक्तित्व सबको कैसे जंचा.. सब कुछ  ज़ादू सरीखा घट रहा था.. मुझे उस दिन आभास हो गया कि कुछ हट के होने जा रहा है.. जब उसने एक टुकड़ा लोहे का मांग लौह पुरुष की प्रतिमा के वास्ते चाही थी. संकेत स्पष्ट था ... एक क्रांति का सूत्रपात का जो एक आमूलचूल परिवर्तन की पहल भी रही है.                     कितना महान क्यों न हो प्रेरक किंतु जब तक प्रेरित में ओज न हो तो परिणाम शून्य ही होना तय है. इस अभियान में मोदी जी के पीछे कौन था .... ये सवाल तो मोदी जी या उनके पीछे का फ़ोर्स ही बता सकता है किंतु मोदी में निहित अंत

गुजरात का गरबा अब शेष भारत और विश्व का हो गया

जबलपुर   का   गरबा   फोटो   अरविंद   यादव   जबलपुर जबलपुर   का   गरबा   फोटो   अरविंद   यादव   जबलपुर गुजरात के व्यापारियों ने सारे विश्व को अपने साथ साथ अपनी संस्कृति से परिचित कराया इतना ही नही उनको सर्व प्रिय बना दिया. गरबा गुजरात से निकल कर सुदूर प्रान्तों तथा विश्व के उन देशों तक जा पहुंचा है जहाँ भी गुजराती परिवार जा बसे हैं , मेरी महिला मित्र प्रीती गुजरात सूरत से हैं उनको मैंने कभी न तो देखा न ही जाना किंतु मेरे कला रुझान कोपरख मित्र बन गयीं हैं , "आभासी दुनिया यानी अंतरजाल" पर मेरे लिए उनके प्रीती होने या अन्य कोई होने की पड़ताल नहीं करनी वरन इस बात के लिए सराहना करनी है की वे सूरत,गुजरात,गांधीनगर,के बारे में अच्छी जानकारियाँ देतीं है . मेरे आज विशेष आग्रह पर मुझे सूरत में आज हुए गरबे का फोटो सहजता से भेज दिया उनने मेरी और से उनको हार्दिक सम्मान एवं आभार वेब दुनियाँ पर गायत्री शर्मा का आलेख चर्चा योग्य है गरबा परिधान पर "गरबों की शान पारंपरिक चणिया-चोली और केडि़या" जिसकी झलक आज समूचे गरबा आयोजनों में दिखाई देती है। आवारा बंजारा की यह पोस्ट ग