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ब्लाग सेतु एग्रीगेटर शोध छात्र केवलराम की सफ़ल कोशिश

ब्लागसेतु एक ऐसा नया एग्रीगेटर  है जो भारतीय भाषाओं के चिट्ठों के लिये अत्यंत उपयोगी साबित होना तय है . अब से पहले आप जो पार पांच बरस पूर्व से ब्लाग लिख रहे हैं जानते ही होंगे कि हिंदी ब्लागिंग को प्रोत्साहित करने में - •  चिट्ठाजगत.इन  •  ब्लॉगवाणी  •  दो सबसे मशहूर एग्रीगेटर थे  मह्त्वपूर्ण अवदान रहा है.  हिंदी के पाठकों तक ब्लाग्स यानी चिट्ठों को पहुंचाना एग्रीगेटर का कार्य होता है. किन्तु काफ़ी श्रमसाध्य एवम खर्चे का मामला होता है.ऐसा नहीं है कि इन दो ब्लाग एग्रीगेटर्स के पहले कुछ न था हिन्दी ब्लागिंग के लिये     नारद   हिन्दीब्लॉग्स.ऑर्ग   चिट्ठा विश्व  • आदि एग्रीगेटर्स का योगदान रहा है जो पाटकों को हिंदी ब्लाग तक भेजने का का काम करते थे.  में " हिन्दी चिट्ठे एवम पाडकास्ट " मेल बाक्स में ताज़ा चिट्ठों की सूचना जारी कर रहा है. चिट्ठाजगत एवम ब्लागवाणी के विकल्प के रूप में दिल्ली के श्री कनिष्क कश्यप ने ब्लागप्रहरी की शुरुआत की .    इनमे पूर्वोक्त वर्णित वेबसाईट्स के अलावा भी अक्षर ग्राम नेटवर्क के स्वयमसेवी लोगों ने पाठकों तक हिंदी ब्लागस भेजने की कोशिशें की है

ब्लागवाणी V/S ब्लाग प्रहरी : कई खूबियां

ब्लागर्स के लिये बहुत ज़रूरी है  एग्रीगेटर ब्लाग वाणी के बाद  ब्लागवाणी के विकल्प ब्लागप्रहरी में उत्तरोत्तर विकास दिखाई दे रहा है.  एक ज़रूरी तथ्य ध्यान में लान चाहूंगा कि यह एग्रीगेटर आपकी पोस्ट को ट्वीटर एवम फ़ेसबुक पर ले जाने,के लिये सक्षम है. हाथ कंगन तो आरसी काहे खोज रहे है जी  girishbilloremukul Settings Sign out Contact About NEW HERE? Posts Home Members Groups Aggregator Forum Events Go Search News Features Video Tutorial Everybody in Blogprahari network All Posts show: 0 JANOKTI आरक्षण की राजनीति http://feedproxy.google.com/~r/janok...7hA/ -अमेरिकी पत्रकार लुई फिशर जब पहली बार कलकत्ता बंदरगाह पर उतरे तो उन्हें यह देखकर घोर आश्चर्य हुआ कि मुट्ठीभर अंग्रेज कैसे विशाल जनसंख्या वाले भारत पर शासन कर रहे... Read more »  Read More   (0)   (0) Comment  vom   ·  2 hours and 31 min ago  via RSS ·  Share   · view(0) 0 JANOKTI सुविधा और दुविधा के बीच लटके हम भारतीय http://feedproxy.google.com/~r/janokti/pfzK/~3...oPc/ -इस ग्लोब पर निवास करने वाले किसी भी इन्सान ने कभी ख्वाबों-